बिहार के परिवारों के लिए मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता और शिक्षा

सुरक्षा का खतरा हो तो तुरंत कदम उठाएं

मानसिक स्वास्थ्य आपात स्थिति में क्या करें

मानसिक स्वास्थ्य संकट चिकित्सा और सुरक्षा आपात स्थिति बन सकता है। तुरंत खतरे को पहचानें और सुरक्षित सहायता लें।

यह वेबसाइट आपात सेवा नहीं है। खतरा अभी है तो 112 पर कॉल करें या नजदीकी अस्पताल की इमरजेंसी में जाएं।

तुरंत आपात सहायता कब लें

  • आत्महत्या का प्रयास, स्पष्ट योजना या गंभीर नुकसान के साधन तक पहुंच
  • दूसरे व्यक्ति को गंभीर नुकसान की धमकी या कोशिश
  • गंभीर उलझन, बहुत अधिक उत्तेजना, हिंसा या परिचित जगह/व्यक्ति न पहचानना
  • हानि का आदेश देने वाली आवाजें या असुरक्षित व्यवहार कराने वाले दृढ़ विश्वास
  • ओवरडोज, बेहोशी, दौरा, गंभीर विदड्रॉल या सांस की गंभीर तकलीफ
  • मानसिक स्थिति के कारण भोजन, पानी, आश्रय या बुनियादी सुरक्षा न संभाल पाना

क्या करें

  • भारत में 112 पर कॉल करें और स्थान व खतरा स्पष्ट बताएं, या अस्पताल की इमरजेंसी जाएं
  • यदि आपके लिए सुरक्षित हो तो व्यक्ति के साथ रहें और छोटे, शांत वाक्य बोलें
  • सुरक्षित हो तो नुकसान की स्पष्ट वस्तुओं से दूरी बनाएं; खुद को खतरे में न डालें
  • दवा, शराब/ड्रग, बीमारी, चोट, गर्भावस्था या दौरे की जानकारी आपात कर्मियों को दें
  • असामान्य विश्वास पर बहस, शर्म, भीड़ या बिना प्रशिक्षण शारीरिक रोकथाम से बचें

टेली-मानस

भारत सरकार समर्थित टेली-मानस 24×7 मानसिक स्वास्थ्य सहायता, परामर्श और आगे की सेवा से जोड़ने के लिए उपलब्ध है। 14416 या 1800-89-14416 पर कॉल करें।

तुरंत जान या सुरक्षा के खतरे में टेली-मानस 112 या अस्पताल की इमरजेंसी का विकल्प नहीं है।

संकट के बाद

  • योग्य मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से समय पर समीक्षा कराएं
  • घटना, नींद, दवा, नशा और आपात टीम की सलाह लिखें
  • डिस्चार्ज और सुरक्षा योजना का पालन करें
  • मुख्य देखभालकर्ता के आराम और सहायता की व्यवस्था करें

स्रोत और समीक्षा

यह जानकारी कैसे तैयार की गई

डॉ. एच. एन. रॉय मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता पहल की संपादकीय टीम ने नीचे दिए गए सार्वजनिक स्वास्थ्य स्रोतों के आधार पर यह सरल हिंदी जानकारी तैयार की है। अंतिम संपादकीय समीक्षा: 14 सितंबर 2026।

चिकित्सकीय समीक्षा स्थिति: सामान्य शैक्षिक सामग्री; किसी व्यक्तिगत चिकित्सकीय समीक्षक का नाम नहीं दिया गया है। इसे निदान या व्यक्तिगत चिकित्सा सलाह न मानें।

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